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नरवाना,-एमडी स्कूल में सेमिनार आयोजित।

नरेन्द्र जेठी | May 17, 2018 05:24 PM
नरेन्द्र जेठी

नरवाना,-एमडी स्कूल में सेमिनार आयोजित।
नरवाना, 17 मई (नरेन्द्र जेठी) : वीरवर को स्थानीय एम. डी. पब्लिक स्कूल में जिला बाल कल्याण परिषद जींद द्वारा खेल के तरीके से जीवन कौशल प्रशिक्षण’ विषय पर स्कूल के छात्रों, छात्राओं और उनकीं शिक्षिकाओं हेतू एक सेमिनार का आयोजन किया गया। जिसकी अध्यक्षता स्कूल प्राचार्या सुनीता नारंग के द्वारा की गई। इस सेमिनार को सम्बोधित करते हुए जिला बाल कल्याण अधिकारी अनिल मलिक ने बताया की कि बाल्यकाल से ही माता-पिता को प्रकृति के नजदीक रहतें हुए सुरक्षा के नियम व व्यवहारिक ज्ञान अपनें बच्चों कों सिखाना चाहिए। खेल के तरीकों से हम बच्चों कों घरेलू वातावरण में पालतू जानवरों, पशु-पक्षी की दिनचर्या और व्यवहार के बारे में उनकों बता सकतें है। बच्चों के साथ माता-पिता व परिवार के अन्य सदस्य का सामाजिक व्यवहार, नैतिक मूल्यों के साथ-साथ तकनिकी संसाधनों का बेहतर व जरूरी उपयोग और बच्चो के निजी अंगो की जानकारी व अच्छा बुरा स्पर्श के बारे में हम सिखा सकतें है। खेलों के माध्यम से जीवन उपयोगी कौशल सिखाना आसान है।
अनिल मलिक ने यह भी कहा कि जीवन में सफलता हेतू एवं बच्चों कि सुरक्षा व संरक्षण में जीवन कौशल प्रशिक्षण अति महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। हमे मिल जुल कर प्रयास करने चाहिएं कि बच्चो को आस-पास के घटनाचक्र को क्रमबद्ध तरीके से समझाए, उन्हें बाल सरक्षण एवं देखभाल जैसे मुद्दों के साथ-साथ बाल यौन शोषण जैसी घटनाओं के प्रति भी जागरूक करने की आवश्यकता है। किसी भी घटना से पहले बच्चे को मदद का, दोस्ती का हाथ बढ़ाना चाहिए ताकि बच्चे आप पर भरोसा कायम कर सके और यह तभी होगा जब आपस में मत्रिपूर्ण संबध होगें। ये हमारी सब की जिम्मेवारी है की अपनें बच्चों के साथ-साथ दूसरो के बच्चें भी सुरक्षित रहे। कार्यक्रम के अन्त में स्कूल की प्राचार्या सुनीता नारंग ने कहा कि ऐसे कैम्प समय-समय पर स्कूलों पर आयोजित होते रहने चाहिए जिससे बच्चों को समाज के दृष्टिकोण के विषय जानकारी प्राप्त होती है। बच्चों को स्कूल के पाठ्यक्रम के साथ-साथ व्यवहारिक ज्ञान भी दे। बच्चो को भी एक दूसरें के व्यवहार की जानकारी अभिभावकों द्वारा दी जानी चाहिएं इसके लिए घरेलु और स्कूल स्तर पर प्रयास करने की आवश्कता है। परिवार परामर्श केंद्र से परामर्शदाता सोहन ने बताया कि जीवन में एक छात्र कों सबसे पहले अपना लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए और फिर उस लक्ष्य को ध्यान में रख कर अपनी शिक्षा को आगें बढ़ाना चाहिएं। आज सेमिनार में बालभवन नरवाना के सुपरवाइजर नरेंद्र कुमार सहित स्कूल का पूरा स्टॉफ भी उपस्थित था।

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